संदीप रिछारिया
चित्रकूट: जगदगुरु रामभद्राचार्य दिव्यांग राज्य विश्वविद्यालय एवं अंतरराष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान ,लखनऊ ,संस्कृत विभाग उत्तर प्रदेश के समझौता ज्ञापन (एम ओ यू) के तहत दर्शनशास्त्र विभाग के संयोजकतत्व में दिनांक 24 जून से 30 जून 2025 तक ,बुद्ध की वाणी: जीवन दर्शन विषय पर ग्रीष्मकालीन कार्यशाला का कल से प्रारंभ दिनांक 24 जून से शुभारंभ किया जा रहा है । इस करशाला का उद्घाटन समारोह विश्वविद्यालय के सभागार में जनपद के पुलिस अधीक्षक एवं दर्शनशास्त्र के प्रकांड विद्वान डॉ अरुण कुमार सिंह अपराह्न 3:00 बजे किया जाएगा।इस कार्यशाला में बौद्ध के जीवन दर्शन और मानव मूल्यों पर आधारित विभिन्न दार्शनिक विचारधाराओं पर विचार विमर्श होगा। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य बौद्ध धर्म, दर्शन संस्कृत, शिक्षा का प्रचार प्रसार तथा विपश्यना ध्यान साधना पद्धति द्वारा जन सामान्य में सकारात्मक ऊर्जा का संचार करना है ।यह कार्यशाला देश ही नहीं बल्कि विदेश के विद्वानों और शोधार्थियों के लिए अत्यंत उपयोगी है जिसे ऑनलाइन एवं ऑफलाइन दोनों माध्यमों से संचालित किया जा रहा है। इस कार्यशाला में विदेशी विद्वान एवं शोधार्थी भी सहभागिता कर रहे हैं जो एक सप्ताह तक चलने वाले विभिन्न सत्रों में अपने वक्तव्य के माध्यम से हम सभी को लाभान्वितकरेंगे।
यह जानकारी कार्यशाला के संयोजक तथा दर्शनशास्त्र विभाग के अध्यक्ष डॉ हरिकांत मिश्रा ने दी है।
