भरुआ सुमेरपुर। हाईकोर्ट की तल्ख टिप्पणी के बाद गत 24 अप्रैल को ग्राम पंचायत बड़ागांव में तैनात सचिव को जिलाधिकारी के आदेश पर डीपीआरओ ने बड़ागांव से हटाकर कार्यालय से संबद्ध किया है।
ग्राम पंचायत बड़ागांव में भ्रष्टाचार की शिकायत पर जांच चल रही है। जांच में प्रधान एवं सचिव पर गबन सिद्ध हो चुका है। प्रधान एवं सचिव पर कार्यवाही के लिए शिकायतकर्ता ने हाईकोर्ट मे रिट दाखिल कर रखी है। इसी बीच प्रधान की मांग पर 24 अप्रैल को सचिव ओमप्रकाश प्रजापति को पुनः बड़ागांव में तैनात कर दिया गया। इसकी शिकायत याचिकाकर्ता ने हाई कोर्ट में की थी। सचिव की तैनाती पर हाईकोर्ट ने तल्ख टिप्पणी की थी। हाईकोर्ट के निर्देश के बाद जिलाधिकारी के आदेश पर डीपीआरओ जितेंद्र कुमार मिश्रा ने 24 अप्रैल के आदेश को निरस्त करके सचिव को डीपीआरओ कार्यालय से संबद्ध किया है। यह आदेश ब्लॉक कार्यालय में चर्चा का विषय बना हुआ है।
