रियल मीडिया नेटवर्क
भरुआ सुमेरपुर। शासन प्रशासन के आदेशों को ठेंगा दिखाते हुए ग्राम प्रधान बेसहारा गोवंश को संरक्षित करने की बजाय छुट्टा किए है। यह गोवंश जहां खरीफ की फसलें चौपट कर रहे हैं। वहीं सड़कों में डेरा जमाकर हादसे बढ़ा रहे हैं।
कस्बा सहित ब्लॉक क्षेत्र में करीब 9000 बेसहारा गोवंश है। शासन प्रशासन के स्पष्ट निर्देश है कि उन्हें अस्थाई गौशाला में संरक्षित करके भूसा चारा पानी के पुख्ता इंतजाम कराएं जाए। इसके लिए शासन प्रतिदिन पचास रुपये प्रति गोवंश के हिसाब से बजट भी दे रहा है। इसके बाद कस्बे से लेकर पंचायतों में शासन का यह आदेश ठेंगे पर है। ग्राम प्रधान फर्जी ढंग से वीडियोग्राफी कराकर इनको संरक्षित करने का दावा कर रहे हैं। जबकि हकीकत में यह कहीं भी संरक्षित नहीं है। गौशालाएं खाली पड़ी हैं। दिनभर यह गोवंश खेत खलिहानों में धमा चौकड़ी मचाकर किसानों की फसलों को नुकसान पहुंचा रहे हैं। रात में सड़कों पर कब्जा जमा कर हादसों को न्योता देते हैं। जिससे लोग परेशान हैं। पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ.अंकुर सचान ने बताया कि सभी को गोवंश संरक्षित करने की निर्देश दिए गए हैं। इसी सप्ताह के अंदर यह पूर्ण रूप से संरक्षित हो जाएंगे।

