भरुआ सुमेरपुर। क्षेत्र के विदोखर मेदनी का उच्च प्राथमिक विद्यालय का निर्माण 1984 में हुआ था। विद्यालय के तीन कक्ष जर्जर स्थिति में पहुंच गए हैं। सिर्फ एकल कक्ष ठीक-ठाक स्थिति में है। प्रधानाध्यापक अजय कुमार मिश्रा का कहना कि विद्यालय में 132 बच्चे पंजीकृत हैं। कक्षा 6,7, 8 में सिर्फ कक्षा 6 की छत का प्लास्टर गिरने लगा है।जिससे सरिया दिखने लगी। वहीं प्रधान लालाराम यादव का कहना है कि विद्यालय की बाउंड्रीवॉल एवं तीन कमरों की छत एवं दीवाल जर्जर स्थिति में पहुंच गई हैं। साथ ही विद्यालय परिसर में बरसात में पानी भर जाता है। जिससे बच्चों की जान का खतरा हमेशा बना रहता। उन्होंने बताया कि इस जर्जर भवन को जीर्णोद्धार के लिए कई बार प्रधानाध्यापक व जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी से मौखिक कह चुके हैं। लेकिन कोई सुनवाई नहीं हो रही है। उन्होंने यह भी बताया कि इस विद्यालय में 28 बीघा का कृषि फार्म संबद्ध है और मौजूदा समय में इस कृषि फार्म का 18 लाख रुपये खाते में जमा भी है। इसके बावजूद विद्यालय का जीर्णोद्धार नहीं कराया जा रहा है। शायद अधिकारी किसी हादसे का इंतजार कर रहे हैं।

