लखनऊ। स्वगणना की प्रक्रिया बृहस्पतिवार से शुरू हो गई है। परिवार के मुखिया घर बैठे ऑनलाइन फॉर्म भर सकते हैं। फॉर्म में पूछे गए 34 सवालों के जवाब देने होंगे। कोई गलत तथ्य न दर्ज करें। इसके लिए कोई भी दस्तावेज अपलोड नहीं करना होगा। ये ध्यान रहे कि परिवार के प्रत्येक सदस्य को फॉर्म नहीं भरना है। परिवार के मुखिया ही फॉर्म में परिजनों की संख्या दर्ज करेंगे। जनगणना की पूरी प्रक्रिया, फॉर्म भरने के तरीके और किसी प्रकार की समस्या होने पर सहायता कैसे मिलेगी। इन सभी सवालों के जवाब मुख्य जनगणना अधिकारी शीतल वर्मा ने ‘अमर उजाला’ से बातचीत में दिए। शीतल वर्मा ने बताया कि स्वगणना की प्रक्रिया 7 से 21 मई तक चलेगी। इस दौरान परिवार के मुखिया को se.census.gov.in पोर्टल पर जाकर मोबाइल नंबर से लॉगिन करना होगा। उसके बाद 34 सवालों के जवाब भरने होंगे। ये सवाल मकान और परिवार से जुड़े हैं। कोई भी ऐसा सवाल नहीं है जो उलझाऊ हो। इस प्रक्रिया को पूरा करने पर 11 अंकों की एक आईडी मिल जाएगी। जब 22 मई के बाद जनगणना कर्मी घर पहुंचेंगे, तो उन्हें यह आईडी देनी होगी। जनगणना कर्मी भरी गई जानकारी का सत्यापन करने के बाद उसे ओके कर देंगे।
गलत तथ्य को पांच बार सही करने का मिलेगा मौका
मुख्य जनगणना अधिकारी शीतल वर्मा ने बताया कि ऑनलाइन फॉर्म में यदि कोई त्रुटि हो जाती है, तो आवेदक को पांच बार उसे सही करने का मौका मिलेगा। अगर तब भी गलती रह जाती है, तो परेशान होने की जरूरत नहीं है। जब जनगणनाकर्मी घर पहुंचेंगे, तो उनके जरिए वह जानकारी सही कराई जा सकेगी। शीतल वर्मा के मुताबिक स्वगणना अनिवार्य नहीं है। जो खुद से फॉर्म नहीं भर पाएंगे उनकी प्रक्रिया जनगणना कर्मी पूरी कराएंगे।
कैंप भी लगाए जाएंगे
शीतल वर्मा ने बताया कि आरडब्ल्यूए से विभागीय अधिकारी व कर्मचारी संपर्क कर रहे हैं। प्रयास किया जा रहा है कि स्वगणना को लेकर सोसायटी में लोगों को जागरूक किया जाए। साथ ही वहां कैंप भी लगाए जाएंगे। इसके अलावा अन्य बस्तियों में भी जागरूकता अभियान चलाए जाएंगे, जिससे जनगणना को लेकर लोगों को जानकारी हो सके और एक भी शख्स न छूटे।
1855 पर करें कॉल
स्वगणना से संबंधित अगर किसी को कोई संशय या सवाल है, तो उसका भी समाधान किया जाएगा। विभाग ने इसके लिए टोल फ्री नंबर 1855 जारी किया है, जो प्रत्येक दिन सुबह छह से शाम छह बजे तक सक्रिय रहेगा। कोई भी इस नंबर पर संपर्क कर जानकारी ले सकेगा।
ये भी जानें….
- जो जहां, जिस शहर में रह रहा होगा, उसकी गणना वहीं होगी।
- परिवार के मुखिया को ही फॉर्म भरना है, प्रत्येक सदस्य को नहीं।
- स्वगणना 7 से 21 मई तक चलेगी
- 22 मई से 20 जून के बीच जनगणनाकर्मी घर-घर जाकर सत्यापन व अन्य प्रक्रिया पूरी करेंगे
- फरवरी 2027 में जनगणना का दूसरा चरण शुरू होगा।
