सांसद डिंपल यादव ने सैफई में की श्री हनुमान पूजा
पीयूष त्रिपाठी
लखनऊ। सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव की धर्म पत्नी व मैनपुरी से सपा सांसद श्रीमती डिंपल यादव अपनी धार्मिक आस्था को कभी भी न तो छुपाती हैं न ही मौका मिलने पर धार्मिक कार्यों से मुंह चुराती हैं। वह धार्मिक हैं और सभी सनातनी कर्मकांड परमपराओं का पूरी श्रद्धा के साथ पालन करती हैं। अपने पैतृक ससुराल सैफई में आज उन्होंने आखिरी बड़े मंगल पर पूरी श्रद्धा के साथ हनुमान मंदिर में पूजा अर्चना की, भंडारा चलाया इसे देखकर वहां मौजूद लोगों में खासी उत्सुकता और खुशी देखी गई। पत्रकारों ने जब उनसे यूपी की घटनाओं पर सवाल किये तो डिंपल यादव ने बेबाकी के साथ जवाब दिये और उत्तर प्रदेश सरकार को जमकर खरी खरी सुनाई। सैफई पहुंचीं मैनपुरी सांसद डिंपल यादव ने लखनऊ में हुए अग्निकांड को लेकर सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि यह केवल एक हादसा नहीं, बल्कि व्यवस्था की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़ा करने वाली घटना है। उन्होंने कहा, सरकार को यह बताना चाहिए कि आग लगने के बाद राहत एवं बचाव संसाधन समय पर मौके तक क्यों नहीं पहुंच सके। हादसे की निष्पक्ष जांच कर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जानी चाहिए। साथ ही पीड़ित परिवारों को अधिकतम आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जानी चाहिए। सैफई स्थित नेताजी मुलायम सिंह यादव स्मृति स्थल के निकट स्थापित हनुमान मंदिर में आयोजित भंडारे में शामिल होने पहुंचीं डिंपल यादव ने कहा कि आज बड़ा मंगल का अंतिम मंगलवार है। भारतीय संस्कृति और धर्म सेवा, सद्भाव और मानवता का संदेश देता है। उसी भावना के साथ सभी लोग यहां एकत्र हुए हैं। उन्होंने हनुमान जी की पूजा-अर्चना करने के बाद श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरित किया। लखनऊ में हुए अग्निकांड का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि यह बेहद दुखद और हृदय विदारक घटना है। हादसे में जिन छात्रों ने अपनी जान गंवाई है, उनके स्वजन के प्रति उनकी गहरी संवेदनाएं हैं। उन्होंने कहा कि सरकार की पहली जिम्मेदारी अस्पतालों में भर्ती घायलों का बेहतर उपचार सुनिश्चित करना है। किसी भी बच्चे के इलाज में संसाधनों की कमी आड़े नहीं आनी चाहिए। उन्होंने कहा कि घटना की विस्तृत जांच कराई जानी चाहिए कि आखिर ऐसी स्थिति पैदा कैसे हुई। आग लगने के बाद फायर ब्रिगेड और अन्य आपातकालीन सेवाओं को मौके तक पहुंचने में देरी क्यों हुई, इसकी भी समीक्षा होनी चाहिए। यदि कहीं लापरवाही हुई है तो संबंधित अधिकारियों और जिम्मेदार व्यक्तियों के खिलाफ कार्रवाई की जानी चाहिए। केवल जांच के आदेश देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उसके परिणाम भी सामने आने चाहिए। सांसद ने कहा कि जिन परिवारों ने अपने बच्चों को खोया है, उनकी क्षति की भरपाई संभव नहीं है, लेकिन सरकार को मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए उन्हें अधिक से अधिक आर्थिक सहायता और हरसंभव सहयोग देना चाहिए। प्रदेश की जनता यह जानना चाहती है कि आखिर इतनी बड़ी घटना के पीछे क्या कारण रहे और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या कदम उठाए जाएंगे। एक प्रश्न के उत्तर में कहा कि राम मंदिर में श्रद्धालु अपनी आस्था और श्रद्धा के साथ चढ़ावा चढ़ाते हैं। देश-दुनिया से लाखों लोग भगवान राम के प्रति अपनी भावनाएं व्यक्त करने के लिए वहां पहुंचते हैं। ऐसे में यदि चढ़ावे और धनराशि को लेकर किसी प्रकार की अनियमितता या वित्तीय गड़बड़ी के आरोप सामने आते हैं तो यह अत्यंत गंभीर विषय है। उन्होंने कहा कि पहले इस पूरे मामले को दबाने का प्रयास किया गया, लेकिन जब तथ्य सामने आने लगे तो अनुमान से कहीं अधिक वित्तीय अनियमितताओं की चर्चा होने लगी। ऐसे मामलों में सरकार को पूरी पारदर्शिता के साथ सच्चाई जनता के सामने रखनी चाहिए। उन्होंने कहा कि मूल मुद्दों से ध्यान भटकाने के बजाय उन सवालों का जवाब दिया जाना चाहिए जो सीधे जनता की भावनाओं और विश्वास से जुड़े हैं।
यूपी सरकार को अग्निकांड मसले पर डिंपल यादव ने सुनाई खरी-खरी
