कानपुर। धामी खेड़ा, दालसू में मानसिक रूप से बीमार महिला की जमीन हड़पने और बैंक फ्रॉड के गंभीर मामले को लेकर राजवर्धन फाउंडेशन ने मोर्चा खोल दिया है। फाउंडेशन के संस्थापक साकेत सेंगर के नेतृत्व में को प्रतिनिधिमंडल ने कार्यालय पर बैठक कर आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। प्रार्थिनी साक्षी पुत्री राजू कुमार सोनकर धामी खेड़ा की बड़ी बहन पूजा सोनकर से जुड़ा है। परिजनों के अनुसार पूजा वर्ष 2014 से मानसिक रोग से पीड़ित हैं, जिनका लगातार इलाज चल रहा हैं विगत समय पूर्व उन्होंने आत्महत्या का प्रयास भी किया। आरोप है कि इसी मानसिक स्थिति का फायदा उठाकर गांव के ही विनोद कुमार परिहार, प्रेम नारायण शुक्ला और अंकित गुप्ता ने उनकी जमीन हड़पने की साजिश रची। राजवर्धन फाउंडेशन के संस्थापक साकेत सेंगर ने बताया कि जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने पीड़िता पूजा सोनकर के नाम से बैंक खाता खुलवाया, बैंक द्वारा जारी चेकों पर जबरन हस्ताक्षर कराए और खाते में पैसा जमा कराकर निकाल लिया। विगत 8 जून को विनोद कुमार द्वारा लाखों रुपये हड़पने का प्रयास किया गया, लेकिन दूसरी बहन को जानकारी होने पर वह रकम नहीं दे पाए। अब फर्जी सुलह-समझौते के आधार पर जमीन हड़पने का दबाव बनाया जा रहा है। राजवर्धन फाउंडेशन के संस्थापक साकेत सेंगर ने कहा कि यह मानवता को शर्मसार करने वाला मामला है। एक मानसिक रोगी महिला की संपत्ति को हड़पने के लिए फर्जी दस्तावेज और बैंक फ्रॉड किया गया है। राजवर्धन फाउंडेशन पीड़ित परिवार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। यदि शीघ्र न्याय नहीं मिला तो हम गांधीवादी तरीके से बड़ा आंदोलन करने को बाध्य होंगे। हम अंत तक पीड़िता को न्याय दिलाकर रहेंगे। पीड़िता साक्षी सोनकर ने कहा कि मेरी बड़ी बहन पूजा मानसिक रूप से बीमार हैं, इसी का फायदा उठाकर विनोद कुमार परिहार, प्रेम नारायण शुक्ला और अंकित गुप्ता हमारी जमीन हड़पना चाहते हैं। उन्होंने दीदी के नाम से बैंक खाता खुलवाकर चेक पर साइन करा लिए और पैसा निकाल लिया। हम बहुत डरे हुए हैं। फाउंडेशन ने मांग की है कि तीनों आरोपियों के विरुद्ध तत्काल मुकदमा दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए तथा पीड़ित परिवार को सुरक्षा प्रदान की जाए और बैंक खातों की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
मानसिक रोगी महिला की जमीन हड़पने की साजिश, राजवर्धन फाउंडेशन ने की जांच की माँग
